केवल कृष्ण का लघु उपन्यास – बोगदा (भाग ५ – अंतिम)

– रीगन तेरा तानाशाही – नहीं चलेगी नहीं चलेगी – अमरीका तेरा तानाशाही – नहीं चलेगी नहीं चलेगी – शोम्राजबाद… – मुरदाबाद मुरदाबाद – सोरबाजनिक क्षेत्रों का निजीकरण पे – रोक लगाओ रोक लगाओ…… सुल्तान को कुछ पल्ले तो पड़ नहीं रहा था, तब भी वह भी चीख चीख कर नारे लगा रहा था। जब दादा नारे लगवा रहे होंतो […]

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केवल कृष्ण का लघु उपन्यास – बोगदा (भाग ३)

– ये सब पैसे वालों को खडयंत्र हैं। -मुखर्जी दादा ने चारमिनार का कश खींचते हुए कहा। सुलतान सिंग सिलाई मशीन की पैडल धुके जा रहा था। किचकिच किचकिच करती हुई सुई धकाधक टांके लगाए जा रही थी। कपड़ा पीछे की ओर सरकता जा रहा था। सुलतान सिंग ने अचानक पैडल रोक कर, सुई का लीवर उठाया और कपड़ा अपनी […]

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