स्वागत करें प्रवीण झा का

‘भूतों के देश में’ के मायावी लेखक डॉ प्रवीण झा अब ‘लिटरेचर लाइफ’ में भी निरंतर अपने शब्दों के इंद्रजाल बुन रहे हैं. किंडल रीडिंग को प्रोत्साहन देने वाले प्रवीण झा हिंदी और अंग्रेज़ी, दोनों ही भाषाओँ पर सामान अधिकार रखते हैं और हम हिंदी के लेखकों के बीच नॉर्वेजियन भाषा पर तो एकाधिकार ही रखते हैं. आइए स्वागत करें, प्रवीण […]

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वर्ष 2017 – 18 में प्रकाशित सर्वाधिक पसंद पुस्तकें

लिटरेचर लाइफ की ओर से हमने फेसबुक पर पाठकों से कहा था कि वे वर्ष 2017-18 में प्रकाशित हुई हिंदी की किताबों में से अपनी पसंद की पाँच किताबें बताएँ, सबसे अधिक पसंद आने वाली किताब से क्रम आरंभ करते हुए. पाठकों के द्वारा दी गई सूचियों से हमने अपना अल्गोरिदम इस्तेमाल कर वर्ष 2017-18 में प्रकाशित सर्वाधिक पसंद की जाने […]

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मैं किंडल पर क्यों पढता हूँ?

आप किंडल पर क्यों पढ़ें यह आपका व्यक्तिगत मामला है। इस बारे में मैं कुछ नहीं बोल सकता। ये बताता हूँ कि मैं क्यों पढ़ता हूँ। मेरी किताबों से पहचान शैशव में हुई थी। पिताजी वयस्क शिक्षा में पर्यवेक्षक थे तो उनके पास बड़े बड़े कैलेंडर जैसे चार्ट थे अक्षर ज्ञान के लिये। कुछ चार्टों को लाकर पिताजी ने घर […]

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